माँ अमृत साधना, पुणे
Apr 21st, 2007 by Rajesh Chetan
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ओशो के प्रति प्रेम अनेक लोगों का होता है लेकिन उस प्रेम को सक्रिय बनाने और उसके लिये परिश्रम करने की प्रतिबद्धता प्रत्येक में नही होती। आप में यह विरल गुणवता है । ओशो का काम एक अपूर्व आनंद यात्रा है, इस यात्रा में आप आगे बढें, हार्दिक शुभकामनाय http://osho.com |

Dan…
I guess it’s ok…